स्वर्ण जयंती ग्राम स्वरोजगार योजना 2024: आवेदन पत्र, पात्रता और कार्यान्वयन प्रक्रिया।

Swarna Jayanti Gram Swarozgar Yojana:- भारत में अब भी कई लोग ऐसे हैं जो गरीबी रेखा से नीचे जीवन जीते हैं। सरकार इन लोगों की आर्थिक स्थिति को सुधारने के लिए निरंतर प्रयास कर रही है। इसके लिए विभिन्न प्रकार की योजनाएं लागू की जाती हैं। भारत सरकार द्वारा चलाई जाने वाली एक ऐसी ही योजना है – ‘स्वर्ण जयंती ग्राम स्वरोजगार योजना’। इस योजना के माध्यम से गरीबी रेखा से नीचे रहने वाले ग्रामीण परिवारों की आर्थिक स्थिति को सुधारा जाना है। इस लेख में आपको ‘स्वर्ण जयंती ग्राम स्वरोजगार योजना’ के उद्देश्य, लाभ, विशेषताएं, पात्रता, महत्वपूर्ण दस्तावेज, आवेदन प्रक्रिया आदि के बारे में जानकारी प्राप्त होगी।

Swarna Jayanti Gram Swarozgar Yojana 2024

स्वर्ण जयंती ग्राम स्वरोजगार योजना भारत सरकार द्वारा प्रचालित की जाती है। इस योजना के तहत बैंक ऋण और सरकारी अनुदान प्रदान किया जाता है ताकि ग्रामीण परिवारों को आर्थिक रूप से स्थिर किया जा सके। ‘स्वर्ण जयंती ग्राम स्वरोजगार योजना’ का मुख्य उद्देश्य लाभार्थियों की आय में वृद्धि करना है। इसके लिए सामाजिक गतिशीलता, प्रशिक्षण, क्षमता निर्धारण, और आयोजक परिसंपत्तियों के सर्जन का प्रावधान किया जाता है ताकि ग्रामीण निर्धनों को स्वसहायता समूह में संगठित किया जा सके। यहाँ पर स्वरोजगार के लिए ऋण प्रदान किया जाएगा और ऋण पर अनुदान राशि प्रदान की जाएगी। 75% इस राशि को भारत सरकार द्वारा दिया जाएगा और 25% राज्य सरकार द्वारा वहन किया जाएगा। इस योजना के द्वारा ग्रामीण क्षेत्र के परिवारों को स्वरोजगार के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा ताकि उनकी आय में वृद्धि हो सके।

स्वर्ण जयंती ग्राम स्वरोजगार योजना का उद्देश्य

इस योजना का मुख्य उद्देश्य निश्चित समय सीमा के अंतर्गत आय में पर्याप्त वृद्धि सुनिश्चित करना है, ताकि जो लोग गरीबी रेखा से नीचे जीवन यापन कर रहे हैं, उन्हें उससे ऊपर ले जाया जा सके। यह योजना देश के नागरिकों की आय में वृद्धि के लिए प्रभावी साबित होगी। ‘स्वर्ण जयंती ग्राम स्वरोजगार योजना’ के अंतर्गत, स्वरोजगार के लिए लिए गए ऋण पर सरकार द्वारा सब्सिडी प्रदान की जाएगी। इसके अतिरिक्त, इस योजना के तहत लाभार्थियों को प्रशिक्षण भी प्रदान किया जाएगा। यह योजना देश के नागरिकों को सशक्त और आत्मनिर्भर बनाने में मदद करेगी। इसके साथ ही, इस योजना के माध्यम से देश के नागरिकों के जीवन में भी सुधार आएगा।

Details Of Swarna Jayanti Gram Swarozgar Yojana

योजना का नाम स्वर्ण जयंती ग्राम स्वरोजगार योजना
किसने आरंभ की भारत सरकार
लाभार्थी ग्रामीण क्षेत्र के नागरिक
उद्देश्य गरीबी रेखा से नीचे जीवन यापन कर रहे नागरिकों को गरीबी रेखा से ऊपर लाना।
आधिकारिक वेबसाइट यहां क्लिक करें
साल 2024

स्वर्ण जयंती ग्राम स्वरोजगार योजना के लाभ तथा विशेषताएं

  • स्वर्ण जयंती ग्राम स्वरोजगार योजना के तहत, ग्रामीण निर्धनों को स्व सहायता समूह में संगठित करने के लिए योग्य बनाने का प्रयास किया जाएगा।
  • इस योजना के अंतर्गत, लाभार्थियों को ऋण और ऋण पर सब्सिडी प्रदान की जाएगी। इसके अलावा, लाभार्थियों का कौशल विकास भी किया जाएगा। स्वर्ण जयंती ग्राम स्वरोजगार योजना का संचालन भारत सरकार द्वारा किया जाता है।
  • इस योजना के माध्यम से, बैंक ऋण और सरकारी अनुदान के माध्यम से आयोपर्जक परिसंपत्तियों को उपलब्ध कराकर सहायता प्राप्त ग्रामीण परिवारों को गरीबी रेखा से ऊपर लाने का प्रयास किया जाएगा।
  • स्वर्ण जयंती ग्राम स्वरोजगार योजना का मुख्य लक्ष्य लाभार्थियों को कौशल और प्रत्येक क्षेत्र की कार्य क्षमता के आधार पर ग्रामीण क्षेत्रों में बड़ी संख्या में लघु उद्यमों की स्थापना करना है।
  • इस लक्ष्य को सामाजिक गतिशीलता, प्रशिक्षण, क्षमता निर्धारण, और आयोजक परिसंपत्तियों के सर्जन के माध्यम से प्राप्त किया जाएगा। इस योजना के अंतर्गत, स्वरोजगार के लिए ऋण प्रदान किया जाएगा, और ऋण पर अनुदान राशि प्रदान की जाएगी।
  • 75% इस राशि को भारत सरकार द्वारा प्रदान किया जाएगा और 25% राज्य सरकार द्वारा वहन किया जाएगा। इस योजना के माध्यम से, ग्रामीण क्षेत्र के परिवारों को स्वरोजगार करने के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा जिससे कि उनकी आय में वृद्धि हो सकेगी।

निर्धनों का समाजिक संगठन

  • इस योजना के तहत, एक सहायता समूह में गरीबी रेखा से नीचे रहने वाले परिवारों के 10 से 20 व्यक्ति शामिल हो सकते हैं। एक व्यक्ति किसी भी समूह का सदस्य नहीं हो सकता। विकलांग व्यक्तियों, लघु सिंचाई योजनाओं, और दुर्गम क्षेत्रों जैसे पहाड़ी, मरुभूमि, और बिखरी आबादी वाले क्षेत्रों में एक समूह में व्यक्तियों की संख्या 5 से 20 तक हो सकती है।
  • आवश्यकता पर, गरीबी रेखा से ऊपर के सदस्यों को 20% और विशेष मामलों में 30% तक एक समूह में शामिल किया जा सकता है। सभी सहायता समूहों में महिला सदस्यों को शामिल करने का प्रयास किया जाएगा। इस योजना के अंतर्गत, प्रत्येक ब्लॉक में 50% सहायता समूह विशेष रूप से महिलाओं के लिए बनाए जाएंगे।

Swarna Jayanti Gram Swarozgar Yojana के अंतर्गत गैर सरकारी संगठनों एवं बैंकों की भूमिका

  • इस योजना के अंतर्गत, समूहों का गठन न केवल किया जाएगा, बल्कि उनकी क्षमता विकास भी की जाएगी। इसके लिए, गैर-सरकारी संगठनों को भी शामिल किया जाएगा।
  • सहायता समूहों के गठन और विकास के लिए, सभी गैर-सरकारी संगठनों, समुदाय आधारित संगठनों, एसएचपीआई प्रेरक, आदि को ₹10,000 प्रति समूह चार किस्तों में प्रदान किया जाएगा।

स्वर्ण जयंती ग्राम स्वरोजगार योजना के अंतर्गत क्रियाकलापों का चयन

  • प्रत्येक ब्लॉक लगभग 10 मुख्य क्रियाकलापों का चयन कर सकता है।
  • मुख्य जोर उन चार से पांच क्रियाकलापों पर किया जाएगा जो स्थानीय संसाधनों, लोगों की व्यवसायिक कुशलता और बाजार की उपलब्धता पर निर्भर हों।
  • ब्लॉक स्तरीय स्वर्ण जयंती ग्राम स्वरोजगार योजना समिति मुख्य क्रियाकलापों के चयन के लिए मुख्य रूप से जिम्मेदार है।
  • सभी मुख्य क्रियाकलापों का चयन बैंकों, औद्योगिक/तकनीकी संगठनों, स्थानीय खादी एवं ग्रामोद्योग के कर्मचारियों तथा जिला उद्योग केंद्र के साथ परामर्श करके किया जाएगा।
  • सभी चयनित क्रियाकलापों को पंचायत समिति द्वारा अनुशासित होना चाहिए और अंतिम रूप में जिला स्तरीय स्वर्ण जयंती ग्राम स्वरोजगार योजना समिति द्वारा अनुमोदित कराया जाना चाहिए।

Swarna Jayanti Gram Swarozgar Yojana के अंतर्गत वित्तीय सहायता के प्रकार

  • रिवॉल्विंग फंड – रिवॉल्विंग फंड की अधिकतम राशि 25,000 रुपये है, जिसमें शासन द्वारा प्रदान की जाने वाली अनुदान राशि 10,000 रुपये सम्मिलित है।
  • प्रशिक्षण – कौशल विकास प्रशिक्षण के लिए कुल 5,000 रुपये की राशि खर्च की जाएगी।
  • अधोसंरचना – विभिन्न प्रकार के मेलों का आयोजन किया जाएगा, जिससे कि स्वरोजगारियों द्वारा निर्मित किए गए उत्पादों का वितरण किया जा सके।
  • ऋण सब्सिडी – योजना के अंतर्गत परियोजना लागत के 30% की एक समान दर से सब्सिडी दी जाएगी, जो कि अधिकतम 7,500 रुपये होगी। अनुसूचित जातिजाति, अनुसूचित जनजाति, और अपंग व्यक्तियों के संबंध में 50% की सब्सिडी प्रदान की जाएगी, जो कि अधिकतम 10,000 रुपये होगी। इसके अलावा, स्व-सहायता समूह के लिए परियोजना लागत की 50% सब्सिडी प्रदान की जाएगी, जो कि अधिकतम प्रति व्यक्ति 10,000 रुपये या 1,00,000 रुपये (जो भी कम हो) होगी।

स्वर्ण जयंती ग्राम स्वरोजगार योजना लक्ष्य समूह

  • एसजीएसवाई के तहत ग्रामीण क्षेत्रों में गरीबी रेखा से नीचे रह रहे परिवारों के लिए लक्ष्य समूह गठित किया जाना चाहिए।
  • लक्ष्य समूह में अनुसूचित जाति के लिए 50%, अनुसूचित जनजाति के लिए 50%, महिलाओं के लिए 40%, अल्पसंख्यकों के लिए 15%, और विकलांग व्यक्तियों के लिए 3% आरक्षण प्रदान किया जाएगा।

Swarna Jayanti Gram Swarozgar Yojana वित्तीय सहायता

  • इस योजना के अंतर्गत स्वरोजगार एवं समूहों के लिए एसजीएसवाई के अंतर्गत सरकार द्वारा सब्सिडी तथा बैंक द्वारा ऋण के रूप में सहायता प्रदान की जाएगी।
  • स्वर्ण जयंती ग्राम स्वरोजगार योजना के माध्यम से ऋण पर सब्सिडी प्रदान की जाएगी।
  • स्वरोगारी नागरिक के लिए इस योजना के अंतर्गत सब्सिडी परियोजना लागत 30% है जो अधिकतम 7,500 रुपये हो सकती है।
  • अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति एवं विकलांगों के लिए सब्सिडी परियोजना लागत 50% है जिसकी अधिकतम सीमा 10,000 रुपये है।
  • स्वरोजगारियो के समूह के लिए सब्सिडी योजना की लागत 50% है जिसमें प्रति व्यक्ति सब्सिडी 10,000 रुपये या 25 लाख रुपए इनमें से जो भी कम है।

Swarna Jayanti Gram Swarozgar Yojana रिवाल्विंग फंड

  • इस योजना के अंतर्गत प्रथम ग्रेड की पात्रता प्राप्त करने के पश्चात जिला परिषद के ग्रामीण विकास प्रकोष्ठ और बैंकों द्वारा नकद ऋण सीमा के रूप में आवर्ती निधियां प्रदान की जाती है।
  • आवर्ती निधि की मात्रा स्वयं सहायता समूह के समूह संचालक की होगी। यह राशि न्यूनतम 5,000 रुपये और अधिकतम 10,000 रुपये होगी।
  • अनेक बार में कुल सब्सिडी 20,000 रुपये तक हो सकती है।
  • जिला परिषद के ग्रामीण विकास प्रकोष्ठ द्वारा अनुदान प्रदान किया जाएगा।

स्वर्ण जयंती ग्राम स्वरोजगार योजना प्रशिक्षण

  • इस योजना के माध्यम से कौशल विकास प्रशिक्षण भी प्रदान किया जाएगा।
  • प्रशिक्षण की अवधि और पाठ्यक्रम इस तरह से निर्धारित किए जाएंगे जिससे कि मुख्य क्रिया कल्पों की आवश्यकता की पूर्ति हो सके।
  • प्रशिक्षण संस्थाओं द्वारा बुनियादी उन्मुखीकरण और कौशल विकास प्रशिक्षण दोनों के लिए किए गए खर्चों का जिला परिषद एसजीएसवाई निधियों से पूरा करेगी।
  • वित्तीय आवंटन का कम से कम 10% भाग स्वरोगारिओ के प्रशिक्षण एवं कौशल विकास के लिए नियमित है।
  • प्रशिक्षण के लिए प्रति प्रशिक्षु 5,000 रुपये की राशि खर्च की जाएगी।

स्वर्ण जयंती ग्राम स्वरोजगार योजना विपरण सहायता एवं वित्त पोषण

  • निर्मित सामान के वितरण को बढ़ावा देने की व्यवस्था भी एसजीएसवाई द्वारा की गई है।
  • जिसके माध्यम से स्वरोजगारियों के लिए निर्मित सामान के प्रदर्शन और बिक्री के लिए जिले/राज्य/राष्ट्रीय/अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मेलों का आयोजन किया जाएगा।
  • जिसमें बाजार सूचना का प्रावधान, वितरण और परामर्श सेवाओं का विकास तथा निर्यात सहित सामान के वितरण हेतु संस्थागत व्यवस्था शामिल है।
  • जिला परिषद द्वारा 5,00,000 रुपये तक का खर्च पहचान, उत्पादन और डिजाइन विकास के लिए परियोजनाओं की तैयारी के लिए किया जा सकता है।

Swarna Jayanti Gram Swarozgar Yojana के अंतर्गत आवेदन करने की प्रक्रिया

  • सर्वप्रथम आपको स्वर्ण जयंती ग्राम स्वरोजगार योजना की आधिकारिक वेबसाइट पर जाना होगा।
  • अब आपके सामने होम पेज खुलकर आएगा।
  • होम पेज पर आपको “आवेदन करें” के विकल्प पर क्लिक करना होगा।
  • इसके पश्चात आपकी स्क्रीन पर एक नया पेज खुल कर आएगा।
  • आपको इस पेज पर पूछी गई सभी महत्वपूर्ण जानकारी दर्ज करनी होगी।
  • अब आपको सभी महत्वपूर्ण दस्तावेजों को अपलोड करना होगा।
  • इसके पश्चात आपको “सबमिट” के विकल्प पर क्लिक करना होगा।
  • इस प्रकार आप स्वर्ण जयंती स्वरोजगार योजना के अंतर्गत आवेदन कर सकेंगे।

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